मुझे लगता है कि एक लड़की के लिए किसी ऐसे व्यक्ति से शादी करना आसान होगा जिसे वह नहीं जानती, क्योंकि जितना अधिक आप पुरुषों को जानोगे; उनसे प्यार करना उतना ही कठिन होगा।
‘जनता का साहित्य’ का अर्थ, जनता को तुरंत ही समझ में आनेवाले साहित्य से हरगिज़ नहीं है।
-
संबंधित विषय : गजानन माधव मुक्तिबोधऔर 2 अन्य
समाज की सभ्यता का अर्थ है—जीवन के व्यवहारों को सरल, सुलभ बनाने वाली भाषा।
सरल होना कोई छोटी बात नहीं है।
हे अर्जुन! सहज कर्म दोषयुक्त होने पर भी त्यागना नहीं चाहिए क्योंकि धुएँ से अग्नि के सदृश सब ही कर्म किसी न किसी दोष से आवृत होते हैं।
गोष्ठियों में लोकप्रचलित सरल भाषा में काव्य, कला-विषयक चर्चा करता हुआ नागरक—लोक में सर्वमान्य होता है।
कला का एक लक्षण होता है आडंबरहीनता—Simplicity—सरलता।
मित्र को क्षमा करने की अपेक्षा शत्रु को क्षमा कर देना सरल है।
जिस काम के लिए मन तैयार होता हैं या तैयार किया जा सकता है, वह सहज हो जाता है।
सौंदर्य, सादगी और सरलता में विराजता है। बहुत अधिक कारीगरी से कलाकृति दम तोड़ देती है।
aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair
jis ke hote hue hote the zamāne mere