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गीत पर गीत

विश्व मेरे

शंभुनाथ सिंह

मातृवंदना

कालीकान्त झा ‘बूच’

सभ ठाँ छै काँट

मार्कण्डेय प्रवासी

भगवती वंदना

कालीकान्त झा ‘बूच’

त्रिपथगे

चन्द्रनाथ मिश्र ‘अमर’

आब न हर परतारिअ

चन्द्रनाथ मिश्र ‘अमर’

बरीसे रस गीत

भोलानाथ गहमरी

डिम डिम डमरू बजावेला हमार जोगिया

रामजियावान दास ‘बावला’

प्रेम-इतिहास

धीरेन्द्र प्रेमर्षि

पवन सुत

चन्द्रनाथ मिश्र ‘अमर’

गायक से

भोलानाथ गहमरी

शरणमे राखि लिअऽ

चन्द्रनाथ मिश्र ‘अमर’

राष्ट्र गीत

मूंगालाल शास्त्री

प्रेमक भास

धीरेन्द्र प्रेमर्षि

अगिन धधकावे

भोलानाथ गहमरी

नचारी

कालीकान्त झा ‘बूच’

असों के फगुनवाँ

भोलानाथ गहमरी

देहक बँसुली

गंगेश गुंजन

स्वागत गीत

मूंगालाल शास्त्री

गीते अछि बास-भूमि

मार्कण्डेय प्रवासी

पोर-पोर बाजि उठे

भोलानाथ गहमरी

गीत-गीत भेल

शान्ति सुमन

रिटायरमेंट का गीत

जय चक्रवर्ती

बंजर ही बंजर था

विनोद श्रीवास्तव

साँकल को खनकाता कोई

विनोद श्रीवास्तव

नए गीत

जय चक्रवर्ती

गीतों में ढलना मुश्किल है

चित्रांश वाघमारे

aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

jis ke hote hue hote the zamāne mere