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ग़ज़ल पर ब्लॉग

जीवन अपने भाग्य के ख़िलाफ़ आमरण अनशन है

जीवन अपने भाग्य के ख़िलाफ़ आमरण अनशन है

14 सितंबर 2022 कल किसी ने व्हाट्सएप पर एक स्टेटस लगा रखा था। किसी की मृत्यु का। बहुत सुंदर चेहरा था। जवान था। मैंने पूछा - कौन हैं भाई? जवाब आया - शाइर थे! मैंने पूछा - आत्महत्या? जवाब आया - हाँ!

मनमीत सोनी

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